“स्वस्थ मन, खुशहाल जीवन” के संदेश के साथ संपन्न हुआ मेंटल
हेल्थ वीक, विद्यार्थियों
ने साझा किए अपने अनुभव
राज, होशियारपुर। राज्य शिक्षा एवं खोज निदेशक के निर्देशों के तहत जिले के सभी स्कूलों में मनाया जा रहा “मेंटल हेल्थ वीक” (मानसिक स्वास्थ्य सप्ताह) शुक्रवार को उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ। सप्ताहभर चली इस पहल के समापन अवसर पर विद्यार्थियों ने मानसिक स्वास्थ्य के महत्व को समझते हुए विभिन्न गतिविधियों में भाग लिया और अपने मन के भाव प्रकट किए।
सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल, रेलवे मंडी, होशियारपुर में समापन समारोह का आयोजन
प्रिंसिपल राजन अरोड़ा की अध्यक्षता में किया गया। उन्होंने कहा कि — “विद्यार्थियों के संपूर्ण विकास के लिए
मानसिक स्वास्थ्य उतना ही आवश्यक है जितना शारीरिक स्वास्थ्य। इस सप्ताह के माध्यम
से बच्चों ने सीखा कि तनावमुक्त रहकर, सकारात्मक सोच अपनाकर और आत्मविश्वास
बढ़ाकर जीवन को खुशहाल बनाया जा सकता है।”
इस अवसर पर स्कूल के विद्यार्थियों ने “स्वस्थ मन, खुशहाल जीवन” विषय पर भाषण, कविता और निबंध प्रस्तुत किए। कई
विद्यार्थियों ने बताया कि इस सप्ताह के दौरान कराए गए योग, ध्यान और “ग्रैटिट्यूड जार” जैसी गतिविधियों ने उन्हें आंतरिक
शांति और आत्मविश्वास का अनुभव कराया।
कक्षा 10 की छात्रा रुपिंदर कौर ने कहा, “ग्रैटिट्यूड जार में रोज अपनी आभार
भावनाएं लिखने से मुझे यह समझ आया कि छोटी-छोटी चीजों में भी खुशी छिपी होती है।” वहीं छात्रा प्रिया ने बताया कि योग और
प्राणायाम सत्र ने पढ़ाई का तनाव कम करने में उनकी बहुत मदद की।
इसी प्रकार सरकारी हाई स्कूल मोहल्ला
फतेहगढ़, जिला
होशियारपुर में भी समापन कार्यक्रम हर्षोल्लास से मनाया गया। स्कूल के मुख्य
अध्यापक मनोज कैनेडी ने बताया कि पूरे सप्ताह विद्यार्थियों ने मानसिक स्वास्थ्य
से जुड़ी रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेकर अपने व्यक्तित्व में सकारात्मक बदलाव
महसूस किए। उन्होंने कहा — “आज के दौर
में बच्चों पर पढ़ाई और प्रतियोगिता का बहुत दबाव है। ऐसे में मानसिक स्वास्थ्य से
जुड़ी यह पहल विद्यार्थियों के लिए बेहद उपयोगी सिद्ध हुई है।”
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने
आर्ट, निबंध
लेखन और शायरी प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर भाग लिया। “कचरे से खाद बनाने” और “किचन गार्डनिंग” जैसे प्रायोगिक सत्रों ने उन्हें
पर्यावरण से जुड़ने का अवसर दिया। समापन अवसर पर मनोवैज्ञानिक विशेषज्ञों ने भी
विद्यार्थियों से संवाद करते हुए बताया कि अच्छी नींद, पौष्टिक आहार और परिवार के साथ समय
बिताना मानसिक स्वास्थ्य के लिए सबसे प्रभावी उपाय हैं।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने जानकारी
दी कि मेंटल हेल्थ वीक के तहत स्कूलों में हुई गतिविधियों की वीडियो रिकॉर्डिंग
एनसीईआरटी के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर अपलोड की जाएगी, ताकि अन्य विद्यालय भी इससे प्रेरणा ले
सकें।
कार्यक्रम के अंत में सभी
विद्यार्थियों ने यह संकल्प लिया कि वे मानसिक रूप से मजबूत और सकारात्मक बने
रहेंगे तथा अपने जीवन में स्वस्थ दिनचर्या और आत्मसंतुलन को अपनाएंगे।राजन अरोड़ा
और मनोज कैनेडी ने सफल आयोजन पर स्टाफ और विद्यार्थियों को बधाई दी तथा कहा कि ऐसे
कार्यक्रम विद्यार्थियों को जीवन की वास्तविक शिक्षा प्रदान करते हैं।


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